रायसेन में खेत से मिला 6 से 7 साल की वयस्क बाघिन का शव, संबंधित क्षेत्र को पूरी तरह सील कर दिया

रायसेन:(स्वदेश mp न्यूज़… राजेश सिंह भदौरिया बंटी) रायसेन जिले के ओबेदुल्लागंज क्षेत्र में एक 6 से 7 साल की वयस्क बाघिन मृत मिली है। बाघिन का शव दाहोद फॉरेस्ट रेंज के कागवान इलाके में एक किसान के खेत से बरामद किया गया। घटना की सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और क्षेत्र को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। शुरुआती जांच में खेत में बिछाए गए बिजली के तार की चपेट में आने से बाघिन की मौत होने की आशंका जताई गई है। यह घटना 29 सितंबर को सामने आई। शव मिलने के बाद संबंधित इलाके में निगरानी बढ़ाते हुए आम लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है।

डिविजनल फॉरेस्ट ऑफिसर हेमंत रायकवार ने बताया कि बाघिन का शव सोमवार शाम जिला मुख्यालय से करीब 90 किलोमीटर दूर कागवान इलाके में किसान के खेत से बरामद किया गया। शुरुआती जांच और मौके से मिले साक्ष्यों के आधार पर बिजली का झटका लगने से मौत होने के संकेत मिले हैं। हालांकि, बाघिन की मौत का सटीक कारण आधिकारिक रूप से पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। वन विभाग की टीम घटना से जुड़े साक्ष्य जुटा रही है और मामले की जांच की जा रही है। निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए संबंधित क्षेत्र को पूरी तरह सील कर दिया गया है।

वन विभाग के अनुसार, बाघिन के शव का पोस्टमार्टम राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण के निर्धारित मानकों और प्रोटोकॉल के तहत कराया गया। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव का निस्तारण यानी अंतिम संस्कार कर दिया गया। घटना के बाद वन विभाग की टीम पूरे क्षेत्र में साक्ष्य जुटाने और मौत के कारणों की जांच में लगी है। शुरुआती तौर पर बिजली के तार से करंट लगने की आशंका सामने आई है, लेकिन अंतिम निष्कर्ष पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच से मिलने वाले साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट होगा। इलाके में आम लोगों की आवाजाही पर रोक इसी जांच प्रक्रिया के तहत लगाई गई है।मध्य प्रदेश को देश के सबसे अधिक बाघों वाले राज्य के रूप में जाना जाता है। साल 2022 की राष्ट्रीय बाघ जनगणना के अनुसार, राज्य में बाघों की संख्या 785 दर्ज की गई थी, जो देश के किसी भी राज्य में सबसे अधिक थी। मध्य प्रदेश में वर्तमान में कुल 9 टाइगर रिजर्व हैं। इसके बावजूद खेतों में फसलों की सुरक्षा के लिए बिछाए जाने वाले अवैध बिजली के तारों से वन्यजीवों की मौत के मामले चिंता का विषय बने हुए हैं। रायसेन के कागवान इलाके में बाघिन की मौत के मामले में भी बिजली के तार से करंट लगने की आशंका जताई गई है और वन विभाग की जांच जारी है।