विरोध-प्रदर्शन की जानकारी मिलने पर निगम कमिश्नर सीपी राय मौके पर पहुंचे. उन्होंने प्रदर्शनकारियों से बात की और खंभे पर दोबारा केसरिया झंडा लगा दिया. इसके बाद विरोध-प्रदर्शन खत्म हो गया और हालात सामान्य हो गए. जानकारी के मुताबिक, खंभे पर लगे भगवा झंडे की जगह तिरंगा लगाने की योजना थी, लेकिन जिस तरह से झंडा हटाया गया, उससे विरोध शुरू हो गया. इसके बाद फिलहाल भगवा झंडे को उसकी मूल जगह पर वापस लगा दिया गया. इस घटना के बाद कुछ समय के लिए मानसरोवर कॉम्प्लेक्स के सामने भीड़ जमा हो गई. प्रशासन ने झंडा हटाने के आरोपों को लेकर कोई अलग बयान जारी नहीं किया है।
निगम कमिश्नर ने खुद लगाया झंडा
कमिश्नर सीपी राय ने बताया कि मंगलवार दोपहर नगर निगम के कर्मचारियों ने मानसरोवर कॉम्प्लेक्स के सामने लगे एक खंभे से भगवा झंडा हटा दिया था. हिंदू संगठनों के सदस्यों को झंडा नीचे पड़ा देखकर इस घटना का पता चला. इसके बाद वे मौके पर पहुंचे और विरोध करने लगे. नगर निगम की एक टीम भी वहां पहुंची. जब झंडे को लेकर विवाद बढ़ने लगा, तो वे खुद मौके पर गए लोगों की बात सुनी, खुद झंडा लगाया और मामले को सुलझाया।
